बीकानेर 13 मई। राजस्थान पशुचिकित्सा और पशु विज्ञान विश्वविद्यालय, बीकानेर के पशु जैव विविधता संरक्षण केंद्र द्वारा कोलायत के हदा गांव में देशी गौवंश नस्लों के संरक्षण को बढ़ावा देने हेतु बुधवार को जैव विविधता संरक्षण जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। केन्द्र की प्रमुख अन्वेषक डॉ. रजनी अरोड़ा ने बताया की शिविर का मुख्य उद्देश्य देशी गायों का संरक्षण और उनकी घटती संख्या के प्रति पशुपालकों को सचेत करना रहा। इस दौरान केन्द्र के डॉ. नरसी राम गुर्जर ने पशुपालकों को देशी गौवंश के आर्थिक महत्व के बारे में बताते हुए इनके संरक्षण के प्रमुख वैज्ञानिक उपाय साझा किए। डॉ. गुर्जर ने पशुओं की दुग्ध उत्पादन क्षमता बढ़ाने और उन्हें बीमारियों से बचाने के लिए पशुपालकों को जानकारी प्रदान की। इस दौरान राजुवास मिनरल मिक्सचर का निःशुल्क वितरण भी किया गया। इस शिविर में डॉ जितेन्द्र जयपाल प्रभारी पशु चिकित्सालय हदा ,कमल किशोर पशु परिचर हदा, पूनम सिंह इंदा ,आशु सिंह भाटी और क्षेत्र के प्रगतिशील पशुपालकों का सहयोग रहा। शिविर में कुल 39 पशुपालक उपस्थित रहे।