बीकानेर 25 जुलाई। राजस्थान पशुचिकित्सा और पशु विज्ञान विश्वविद्यालय, बीकानेर के पशु जैव चिकित्सा अपशिष्ट निस्तारण एवं प्रौद्योगिकी केंद्र द्वारा शनिवार को संवित शिक्षण संस्थान, कैलाशपुरी बीकानेर में छात्र-छात्राओं हेतु एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। केन्द्र की मुख्य अन्वेषक डॉ. दीपिका धूड़िया ने इस अवसर पर अस्पतालों से निकलने वाले जैविकीय अपशिष्ट का मानव स्वास्थ्य व वातावरण पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों के बारे में विद्यार्थियों को अवगत करवाया। केंद्र के सह-अन्वेषक डॉ. देवेंद्र चौधरी ने जैव चिकित्सकीय अपशिष्ट का उचित निस्तारण एवं उससे फैलने वाली बीमारियों के बारे मे जानकारी दी। इस अवसर पर छात्र-छात्राओं को रेबीज से बचाव व टीकाकरण की जानकारी भी दी गयी। जागरूकता कार्यक्रम के दौरान डॉ. चित्रा ने प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता करवाई जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान पीएच.डी. छात्र डॉ. जयंत स्वामी तथा संवित शिक्षण संस्थान, बीकानेर के संस्था प्रधान अभय सिंह टाक उपस्थित रहे।